कोटा में होगी कोरोना की मौत, प्लाज्मा थेरेपी से होगा संक्रमितों का उपचार

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हिमांशु मित्तल, कोटा: लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के प्रयासों से कोटा के न्यू मेडिकल काॅलेज अस्पताल में कोरोना (Coronavirus) संक्रमितों का उपचार जल्द प्लाज्मा थेरेपी से भी होने लगेगा. प्लाज्मा थेरेपी से उपचार का आवेदन काफी समय से लंबित होने की जानकारी मिलने के बाद लोकसभा अध्यक्ष बिरला ने गुरूवार को आईसीएमआर के महानिदेशक डॉ. बलराम भार्गव से बात की. अब जल्द ही इसकी अनुमति जारी हो जाएगी.

कोरोना नियंत्रण के प्रयासों की समीक्षा के लिए लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने गुरूवार को अपने निवास पर उच्च अधिकारियों की बैठक आयोजित की थी. बैठक में संभागीय आयुक्त के.सी. मीणा, जिला कलेक्टर ओम कसेरा और मेडिकल काॅलेज के प्राचार्य डॉ. विजय सरदाना ने बताया कि कोटा में दवाओं से उपचार के बेहतर नतीजे सामने आए हैं. मेडिकल काॅलेज के स्तर से करीब 20 दिन पूर्व प्लाज्मा थेरेपी से उपचार के लिए आईसीएमआर में आवेदन किया गया था, जो अब तक लंबित है.

इस पर लोकसभा अध्यक्ष ने उसी समय आईसीएमआर के महानिदेशक डॉ. बलराम भार्गव से फोन पर प्लाज्मा थेरेपी से उपचार की अनुमति को लेकर बात की. डॉ. भार्गव ने आश्वस्त किया वे जल्द ही अनुमति जारी कर देंगे. लोकसभा अध्यक्ष ने डॉ. भार्गव से कोरोना को लेकर नई रिसर्च और जानकारियों को लेकर भी चर्चा की.

लोकसभा अध्यक्ष ने कहा कि कहा कि कोटा-बूंदी क्षेत्र में कोरोना संक्रमण को नियंत्रित किया जा सके तथा संक्रमितों को बेहतर उपचार मिले, इसके लिए वे लगतार प्रयासरत है. उन्होंने कहा कि संसाधनों की कोई कमी नहीं है. नागरिकों में कोरोना के संक्रमण से बचने के लिए जागरूकता आई है. वे स्वयं के स्तर पर भी सतर्कता बरत रहे हैं. परन्तु फिर भी हमारे इंतजामों में कोई कमी नहीं रहनी चाहिए. प्लाज्मा थैरेपी के बाद जिला प्रशासन यदि उपचार के लिए किसी अन्य संसाधन की आवश्यकता बताता है तो उसकी भी अविलम्ब पूर्ति कर दी जाएगी.

अधिक आवाजाही वाले स्थानों पर सैनेटाइजेशन मशीन
बिरला ने संभागीय आयुक्त केसी मीणा व जिला कलेक्टर ओम कसेरा से कहा कि प्रमुख सार्वजनिक स्थानों पर सैनेटाइजेशन मशीनें लगाई जाएं. राजकीय कार्यालयों के प्रवेश द्वार पर सैनेटाइजेशन के बाद ही लोगों को प्रवेश मिले. इसके अतिरिक्त वे स्थान भी चिन्हित करें जहां लोगों की आवाजाही अधिक है. ऐसे स्थानों पर सीएसआर के माध्यम से सैनेटाइजेशन मशीनें लगाने के प्रयास करेगें.

कोरोना का भय दूर करें
लोकसभा अध्यक्ष ने कहा कि लोगों के मन से कोरोना का भय दूर करने की आवश्यकता है. नागरिकों को जागरूक करने के लिए आईईसी गतिविधियों पर जोर दिया जाए. उन्हें मास्क पहनने के लिए प्रेरित किया जाए. चिकित्सा विभाग और नगर निगम मिलकर व्यापक प्रचार-प्रसार के लिए कार्ययोजना बनाएं. बैठक में पुलिस उपमहानिरीक्षक रविदत्त गौड, ग्रामीण पुलिस अधीक्षक राजन दुष्यंत, पुलिस उपाधीक्षक शहर दिलीप सैनी, नगर निगम आयुक्त वासुदेव मालावत,नगर विकास न्यास सचिव राजेन्द्र सिंह कैन, सीएमएचओ डॉ. भूपेन्द्र सिंह तंवर सहित कई जिला स्तरीय अधिकरी उपस्थित रहे.

घर-घर में बनें मास्क
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने कहा कि संक्रमण को नियंत्रित करने में मास्क कारगर सिद्ध हो रहे हैं. अब तक कोटा-बूंदी लोकसभा क्षेत्र में four लाख से अधिक मास्क वितरित किए जा चुके हैं. आवश्यकता हुई तो और मास्क उपलब्ध करवा दिए जाएंगे. उन्होंने नगर निगम को स्वयं सहायता समूहों के माध्यम मास्क से बनवाने में तेजी लाने को कहा. इसके लिए आवश्यकता होने पर इसके लिए सीएसआर फंड से राशि उपलब्ध करवाने का आश्वासन भी दिया.

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पुलिसकर्मियों को मिलेगी फेस शील्ड
लोकसभा अध्यक्ष ने कहा कि कोरोना को नियंत्रित करने में जुटे पुलिसकर्मियों के संक्रमित होने का खतरा रहता है. इसे देखते हुए पुलिसकर्मियों को फेस शील्ड उपलब्ध करवाई जाएगी. इसके अतिरिक्त पुलिस के माध्यम से सब्जी विक्रेताओं व रेहड़ी वालों को मास्क व सैनेटाइजर पहुंचाने का भी प्रयास किया जाएगा.

नरेगा में करवाएं नहरों की सफाई
लोकसभा अध्यक्ष ने संभागीय आयुक्त को कहा कि नरेगा में नहरों की सफाई कार्य भी सम्मिलित किया जाए. नहरों में पानी छोड़ने से ठीक पहले नहरों की सफाई की कवायद की जाती है, जो उपयोग नहीं रहती. अभी नरेगा के माध्यम से अधिक से अधिक श्रमिकों को रोजगार उपलब्ध करवाने की आवश्यकता है. यदि अभी नरेगा श्रमिकों को यह काम दिया जाता है तो उन्हें रोजगार भी मिलेगा और समय रहते नहरों की सफाई भी हो जाएगी.

संसदीय क्षेत्र के एक्सीडेंट पाॅइन्ट चिन्हित करें
बैठक में उपमहानिरीक्षक गौड़ ने कहा कि हैंगिंग ब्रिज चालू होने के बाद सड़क दुर्घटनाओं में काफी कमी आई है. इस पर लोकसभा अध्यक्ष ने कहा कि संसदीय क्षेत्र में जहां भी एक्सीडेंट पाॅइंट हैं, उन्हें चिन्हित करें. केंद्र सरकार की एक योजना से इन पाइंट्स को खत्म करने के लिए फंड उपलब्ध करवा दिया जाएगा. उन्होंने कोटा-केशवरायपाटन-दौसा मार्ग को भारतमाला प्रोजेक्ट से जोड़ने की संभावना तलाशने के निर्देश भी अधिकारियों को दिए.



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